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स्वास्थ्यवर्धक पेय पदार्थों की विशिष्ट श्रृंखला उपलब्ध करा इस शख्स ने खड़ी कर ली 250 करोड़ की फर्म

रोज हम ऐसे लोगों की कहानियों से रूबरू होते हैं जिन्होंने अपनी कड़ी मेहनत और लगन के बल पर अकल्पनीय उपलब्धियां हासिल की है। सिर्फ अपना बैंक बैलेंस बढ़ाना ही काफ़ी नहीं होता है बल्कि महत्वपूर्ण होता है उसके पीछे का उद्देश्य और उसके पीछे की सोच। आज की कहानी इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है जिसमें क्रियान्वयन और सफलता के साथ-साथ गरीबों की मदद भी शामिल है।

एक इन्वेस्टमेंट बैंकर से एक ब्रांड सलाहकार और आज द रॉ प्रेस्सेरी के पीछे जो व्यक्ति हैं वे हैं अनुज राक्यान। इन्होंने एक अनोखे कोल्ड-प्रेस टेक्नोलॉजी का उपयोग कर फलों और सब्जियों के पोषक तत्व को सुरक्षित रखते हुए एक ऐसा प्रोडक्ट बनाया जिसने लाखों लोगों की लाइफस्टाइल को बदल कर रख दिया है। यह सब तब शुरू हुआ जब अनुज ने बाजार में बिना प्रेज़रवेटिव के उपयोग के ड्रिंक की खोज की और उन्हें निराशा हाथ लगी। तब उन्होंने यह निश्चय किया कि वे अपना खुद का एक ब्रांड बनाएंगे।

यूनाइटेड स्टेट्स से भारत लौटने के बाद अनुज ने दस साल डायमंड और ज्वेलरी सेक्टर में काम किया। उन्होंने पाया कि बाजार में ग्राहकों के मांग पर भी उन्हें उम्दा किस्म के प्रोडक्ट नहीं मिल पा रहे हैं तब उन्होंने यह तय किया कि वे लोगों को स्वास्थ्यवर्धक और बेहतर गुणवत्ता के प्रोडक्ट उपलब्ध कराएँगे। अनुज ने खुद से ही ड्रिंक बनाकर इस बिज़नेस की नींव रखी और कुछ क्लाइंट्स तक इस प्रोडक्ट को पहुंचाया।

2014 में अनुज ने बिना प्रेज़रवेटिव और ऐडेड शुगर के Raw Pressery कोल्ड-प्रेस्सेड जूसेस, स्मूदीज़ और सूप की शुरूआत की और उनके इस आइडिया ने लोगों के खाने और पीने के तरीके को बदल कर रख दिया। अनुज ने जब इस वेंचर की शुरूआत की तब उनके पास 80 लाख रूपये थे। अपने दोस्तों और रिश्तेदारों की मदद से उन्होंने 1.5 करोड़ रूपये जुटाए और और इसकी शुरूआत की। यह तकनीक बहुत ही महंगी थी। एक मशीन की कीमत एक मिलियन डॉलर होती है।

जब इन्होंने इस वेंचर को शुरू किया तब इसकी कीमत पांच करोड़ रूपये की थी और आज Raw Pressery 250 करोड़ की कंपनी बन गई है। इसमें दो मशीनें महीने में 3,50,000 लीटर जूस निकालती है। अनुज ने पहले केवल छः फ्लेवर जैसे संतरे और गन्ने से शुरूआत की और आज 30 फ्लेवर के ड्रिंक उपलब्ध हैं। इनकी कंपनी में 200 कर्मचारी हैं और जैकलिन फर्नांडेस इनकी कंपनी की ब्रांड एम्बेसडर हैं।

Raw Pressery के ड्रिंक्स की शेल्फ लाइफ 21 दिनों की होती है। अगर यह बनने के 16 दिनों में नहीं बिकी तो इसे इवेंट्स में डिस्ट्रीब्यूट कर दिया जाता है क्योंकि वहां आसानी से उपयोग में आ जाता है। Raw Pressery की खाली बोतल को घरों और दुकानों से इक्कठा किया जाता है और इसे रिलायंस में भेज दिया जाता है जिसे पॉलिएस्टर फाइबर में तब्दील कर दिया जाता है और इससे स्कूल यूनिफार्म बनाये जाते हैं और गरीब बच्चों को मुफ़्त में बाँट दिया जाता है। हर सात बोतल को रीसायकल करके एक टी-शर्ट बनता है।

आज Raw Pressery के देश भर में 1000 आउटलेट्स हैं। अनुज अब फ़ूड इंडस्ट्री में भी अपना भाग्य आजमाना चाहते हैं। बिना केमिकल और प्रिजरवेटिव के क्लीन लेबल के तले लोगों को भोजन भी उपलब्ध कराना चाहते हैं। अनुज अभी बेबी फ़ूड जैसे बनाना मैश से लेकर दाल पानी और खिचड़ी बिना केमिकल और प्रिजरवेटिव के बच्चों के लिए बनाने का सोच रहे हैं।

अनुज एक सटीक उदाहरण हैं जो अपने काम से लोगों की बेहतरी कर रहे हैं और वह भी भीड़ से अलग खड़े होकर। उनके विज़न के बल पर ही उनकी कंपनी 250 करोड़ की फर्म बन गई है जो लोगों को बेहतर फ़ूड और ड्रिंक्स उपलब्ध करा रही है।

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